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भारत के सहयोग से नेपाल में बनेगी राष्ट्रीय पुलिस एकेडमी, 26 वर्ष पुराने प्रोजेक्ट की अड़चनें दूर

वर्ष 2021 के अंतिम में दोनों पड़ोसी देशों के लिए आई अच्छी खबर, निकाला गया अंतर्राष्ट्रीय टेंडर

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वर्ष 1996 में ही पुलिस प्रशिक्षण प्रतिष्ठान के लिए अनुदान राशि उपलब्ध कराने की हुई थी सहमति

पीएम शेरबहादुर देउबा ने अपने पुराने निर्णय को बढ़ाया आगे, 26 वर्षों से लंबित थी यह योजना

राजेश कुमार शर्मा की रिपोर्ट

जोगबनी (Voice4bihar news)। आज से 26 वर्ष पूर्व भारत सरकार के सहयोग से बनाए जाने वाले नेपाल के राष्ट्रीय पुलिस प्रशिक्षण प्रतिष्ठान (पुलिस एकेडमी) के भवन निर्माण की सहमति मिल चुकी है। इसके कार्यान्वयन के लिए अब नेपाल सरकार तैयार है। भारत सरकार की ओर से इस भवन निर्माण के लिए बनाए गए डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) व निर्माण सम्बन्धी व टेंडर प्रक्रिया को नेपाल सरकार ने स्वीकृत कर लिया है। पुलिस एकेडमी के निर्माण प्रक्रिया औपचारिक रूप से आगे बढ़ने के साथ ही यहां पुलिस अफसरों की ट्रेनिंग देने वाला संस्थान जल्द ही तैयार होने की उम्मीद है।

पौने 9 अरब की लागत से बनेगा नेपाल पुलिस एकेडमी का भवन

सूत्रों की मानें तो करीब पौने 9 अरब की लागत से बनने वाले इस भवन के निर्माण के लिए नेपाल पुलिस के प्रधान कार्यालय की ओर से अंतरराष्ट्रीय टेन्डर निकाला गया है। यहां बता दें कि बीते नवम्बर में भारत सरकार ने नेपाल के कानून के अनुसार टेंडर पत्र भेजा था। भारत सरकार ने नेपाल के सार्वजनिक खरीद नियम व प्रावधान के अनुरूप टेंडर पत्र बना कर भेजा था। इसके बाद पुलिस प्रधान कार्यालय ने कानूनी प्रावधान के साथ विषय संशोधन के लिए गृह मंत्रालय को पत्र लिखा था। इसी पत्र के आधार पर नेपाल के गृह मंत्रालय ने भारत सरकार के प्रस्ताव के अनुसार पुलिस एकेडेमी निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया को स्वीकृत किया है।

काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने भेजा था पत्र

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काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने 9 नवम्बर को पत्र भेजते हुए अंतरराष्ट्रीय टेंडर प्रक्रिया आह्वान करने के लिए नेपाल के पुलिस प्रधान कार्यालय को रिमाइंडर भेजा था। दूतावास के पत्र के बाद पुलिस प्रतिष्ठान के कार्यकारी निदेशक एवं एकेडेमी सम्बन्धी ‘प्रोजेक्ट कोअर्डिनेशन यूनिट’ (पीसीयू) के प्रमुख सह पुलिस अतिरिक्त महानिरीक्षक (एआईजी) नीरजबहादुर शाही की अध्यक्षता में बैठक हुई थी।

इस बैठक में किए गए निर्णय में कानूनी अड़चन को दूर करने के लिए गृह मंत्रालय को सुझाव सहित का पत्र लिखा था। टेन्डर में एकेडेमी डिजाइन, खरीद व निर्माण (ईपीसी) मॉडल में एक हजार 95 दिन अर्थात 3 वर्ष के अंदर कार्य सम्पन्न करने का उल्लेख है। भारत सरकार ने 26 वर्ष पहले ही नेपाल में पुलिस प्रतिष्ठान निर्माण करने के लिए अनुदान राशि उपलब्ध कराने की सहमति दी थी।

26 वर्ष पहले प्रधानमंत्री शेरबहादुर देउबा के शासनकाल में बनी थी सहमति

24 जनवरी से 2 फरवरी 1996 तक पुलिस के तत्कालीन आईजीपी मोतीलाल बोहरा के भारत भ्रमण के क्रम में एकेडेमी के निर्माण की चर्चा हुई थी। इसके पश्चात उस वक़्त तत्कालीन प्रधानमन्त्री शेरबहादुर देउवा के भारत भ्रमण के क्रम में अनुदान में एकेडेमी बनाने की सहमति हुई थी। 26 वर्ष पश्चात जब देउवा फिर से सत्ता में आये तो इस प्रोजेक्ट के क्रियान्वयन की प्रक्रिया आगे बढ़ी है। महराजगंज स्थित प्रतिष्ठान के भवन में एडवांस ट्रेनिंग सेंटर व अन्य संरचना बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी है।

नेपाल पुलिस एकेडमी के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी

नेपाल सरकार ने पुलिस एकेडमी के निर्माण के लिए काभ्रे जिले के पनौती नगरपालिका अंतर्गत सुनथाना (दलिञ्चोक) में 42.4 हेक्टर भूमि का अधिग्रहण किया है। वहीं एकेडमी का निर्माण करने के लिए भारत सरकार से 5 हजार 494.61 मिलियन भारतीय रुपये अर्थात 8 अरब 79 करोड़ 13 लाख 76 हजार रुपये देने का समझौता हुआ है। अनुदान राशि के कार्यपत्र पत्र पर 2014 के नवम्बर महीने में हस्ताक्षर हुआ था। जब भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सार्क सम्मेलन में भाग लेने काठमांडू आये थे, जब अनुदान सम्बन्धी समझौता पत्र पर हस्ताक्षर हुआ था।

टेंडर में पेटी कॉन्ट्रेक्टर को भी कार्य देने का है प्रवाधान

पुलिस एकेडमी के लिए निकाले गए टेंडर में कुल आयोजना का अधिकतम 35 प्रतिशत काम पेटी ठेकेदार को व 35 प्रतिशत ज्वाइन्ट वेंचर (जेवी) करने का निर्णय लिया गया है। वहीं भारत सरकार ने टेंडर से जुड़ी प्रक्रिया में किसी भी देश की कम्पनी को प्रतिस्पर्धा में आने का निर्णय दिया है। टेंडर में इस बात का स्पष्ट उल्लेख है कि निर्माण कार्य शुरू करने के 36 महीना के अंदर तीन चरण में उक्त प्रोजेक्ट को सम्पन्न कर लिया जाएगा। नेपाल में पुलिस प्रशिक्षण प्रतिष्ठान (पुलिस एकेडमी) का निर्माण होने से यहां के पुलिस अधिकारियों की ट्रेनिंग आसान हो जाएगी।

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